चिंता: कॉर्बेट पार्क से गुम हो गई सबसे सुंदर पक्षी हॉर्न बिल विशेषज्ञ चिंतित

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जिम पार्क की सबसे सुंदर पक्षी हॉर्न बिल कई महीनों से नजर नहीं आ रही है। अब तक यह नदी और नालों में मछलियों का शिकार करते दिखती थी। मगर लंबे समय से दीदार न होने से जानकार भी चिंतित हैं। अंदेशा है कि लॉकडाउन के बाद जंगल में मानव दखल से पक्षी ने दूरी बना ली है।

कॉर्बेट में पक्षियों की 650 से अधिक प्रजातियां हैं। मगर ग्रेट हॉर्न बिल सबसे सुंदर हैं। सैलानी बाघ न दिखने पर हॉर्न बिल देखना पसंद करते हैं।
अगर इस बार पर्यटक को को कॉर्बेट में बाघ तो देखने को मिल जा रहे हैं लेकिन हॉर्नबिल पक्षी नहीं नजर आ रहे हैं इस वजह से यहां पर आने वाले पर्यटकों को निराशा हो रही है वहीं पक्षी विशेषज्ञ दीप रेंजर बताया कि हॉर्नबिल पक्षी बेहद सुंदर होती है कॉर्बेट में हॉर्नबिल पक्षी का नहीं दिखना बेहद गंभीर विषय है यह जंगल में बढ़ रही है मानव दखल का नतीजा हो सकता है

क्या ख़ास हॉर्नबिल पक्षी में?

हॉर्नबिल पक्षी (Hornbill Bird)को हिंदी में “धनेश पक्षी” भी कहते है। Hornbill In India में भी पाया जाता है। इस पक्षी की विशिष्ट पहचान इसकी नीचे मुड़ी हुई चोंच होती है जिसके उपर उभार होता है।
1. हॉर्नबिल पक्षी (Hornbill Bird) एशिया, अफ्रीका, मलेशिया में मुख्यतः मिलता है। भारत में भी हॉर्नबिल पाया जाता है। इसकी मुख्यतः 55 प्रजाति संसारभर में मिलती है। भारत में 9 प्रजाति पायी जाती है। भारत की मुख्य प्रजाति इंडियन ग्रे हॉर्नबिल है।
2. हॉर्नबिल पक्षी का आकार विभिन्न प्रजातियों के अनुसार अलग अलग होता है। इनका आकार 30 सेंटीमीटर से करीब 4 फुट तक होता है। किसी प्रजाति का वजन 100 ग्राम तो किसी का वजन 6 किलोग्राम तक होता है।
3. नर हॉर्नबिल पक्षी मादा से आकार और वजन में ज्यादा होता है।
4. हॉर्नबिल की चोंच इसकी विशेष पहचान होती है। इसकी चोंच भारी है जो उसकी मजबूत गर्दन से जुड़ी होती है। चोंच नीचे की तरफ मुड़ी होती है जिस पर सिंग की तरह दिखने वाला उभार है। इसलिए इस पक्षी को हॉर्नबिल (Hornbill) कहते है।
5. हॉर्नबिल की मजबूत चोंच पेड़ पर बिल बनाने और शिकार करने में उपयोग आती है।


6. हॉर्नबिल पक्षी (Hornbill Bird) की जीभ छोटी होती है। इससे चोंच की नोक पर मौजूद भोजन को यह निगल नही पाता है। इसलिए भोजन को निगलने के लिए गर्दन को पीछे की और झटका देना पड़ता है।
7. यह पक्षी मुख्यतः सर्वाहारी है। इसका मुख्य भोजन फल, कीड़े या छोटे जानवर होते है। कुछ प्रजाति केवल फल खाती है तो कुछ सर्वाहारी होती है। हॉर्नबिल छोटे पक्षियों को भी खा जाता है। ज्यादातर पक्षी जंगलो में रहते है और फलों को मुख्यतः खाते है। घास के मैदानों में रहने वाला हॉर्नबिल सर्वाहारी है।
8. हॉर्नबिल या धनेश पक्षी दिन के समय सक्रिय रहता है। रात को यह पक्षी आराम करना पसंद करता है।

कोसी और रामगंगा नदी के आसपास रहती है


हार्न बिल रामनगर में कोसी और रामगंगा नदी में नजर आती थी। यहां शिकार के लिए मछलियां काफी संख्या में मिल जाने के चलते इनके झुंड यहां मंडराया करते थे। मगर लंबे समय से इनके नहीं दिखना गंभीर मामला है। इनके न होने की वजह पर शोध होगा।

“हार्न बिल तराई में दिखती है। इस बार क्यों नहीं दिख रही है, यह चिंता की बात है। कॉर्बेट में सबसे पसंदीदा पक्षी है। लोग बाघ न दिखने पर हॉर्न बिल पक्षी देखना पसंद करते है।”
राहुल, डायरेक्टर कॉर्बेट।

“हॉर्न बिल पक्षी बेहद सुंदर होती हैं। हॉर्न बिल पक्षी का नहीं दिखना बेहद गंभीर विषय है। यह जंगल में बढ़ रहे मानव दखल का नतीजा हो सकता है।”
दीप रजवार, पक्षी विशेषज्ञ

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