पौड़ी के अंतिम गांव टीला में पहली बार पहुंचा कोई अधिकारी, रोजगार के लिए किया काम तो भावुक हुए ग्रामीण

खबरे

उत्तराखंड को अलग राज्य बनाने का सपना पहाड़ के विकास के लिए देखा गया था। लेकिन 21 साल बीत जाने के बाद भी आज तक पहाड़ की समस्याएं जस की तस बनी हुई है। लेकिन इस सपने को साकार करने के लिए कोई भी नेता अधिकारी सुदूर पहाड़ों में जाना नहीं चाहता। इस सबके बीच एक ऐसे अधिकारी उम्मीद की किरण बन सामने आए है। मुख्य विकास अधिकारी पौड़ी आशीष भटगाई पौड़ी जनपद के अंतिम गांव पहुंचे है। इसस गांव में पहली बार कोई अधिकारी पहुंचा और ग्रामीणों की समस्याओं पर बात की तो ग्रामीण भावुक हो गए। उनकी आंखों में खुशी के आंसु देखने को मिले।

मुख्य विकास अधिकारी पौड़ी आशीष भटगाई  टीला गांव के थलीसैंड ब्लॉक पहुंचे। यहां उन्होंने गांव में आए प्रवासियों से वार्ता करते हुए सभी को सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं से जोड़कर रोजगार देने की बात कही।साथ ही उन्होंने ग्रामीणों से आइवरमेक्टिन दवाइयों के वितरण की जानकारी ली साथ ही बाहर से आए प्रवासियों से वार्ता करते हुए उनकी रुचि के अनुसार रोजगार देने की बात कही गयी। लेकिन यह गांव कृषि, बागवानी, दुग्ध पालन पर कार्य कर रहा है। इसलिए यहां के लोगों को पर्यटन, पॉली हाउस, मत्स्य पालन, मुर्गी पालन आदि से जोड़ा जाएगा। इससे सभी लोग एकीकृत खेती के साथ अच्छी आमदनी कमा सकेंगे।

वहीं ग्रामीण वीरेंद्र नेगी ने बताया कि पहली बार कोई अधिकारी उनके गांव पहुंचे जिससे उन्हें काफी खुशी प्राप्त हुई है सीडीओ पौड़ी की ओर से प्रवासियों के साथ-साथ अन्य ग्रामीण भी कृषि, बागवानी, मुर्गी पालन, मत्स्य पालन के साथ जोड़ा जाएगा जिससे कि सभी लोग अपने घरों पर रहकर अच्छा रोजगार कर सकें। मुख्य विकास अधिकारी के इस कदम को काफी सराहा जा रहा है। अगर सभी अधिकारी सुदुर पहाड़ों में जाकर उनकी समस्याओं का समाधान कर उन्हें रोजगार उपलब्ध कराए तो पहाड़ो से पलायन थम सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published.