उत्तराखंड सरकार ने किया फैसला: 1 नवंबर से खुलेंगे स्कूल त्रिवेंद्र सिंह रावत ने किया ऐलान

खबरे राजनीती

लॉकडाउन के चलते पिछले 7 महीनों से बंद पड़े स्कूलों को उत्तराखंड में आगामी एक नवंबर से कक्षा 10वीं और 12वीं कक्षा के लिए स्कूल खोल दिए जाएंगे। निजी और सरकारी स्कूलों में कक्षा 10वीं और 12वीं की कक्षाएं संचालित की जाएंगी। यह फैसला आज बुधवार को हुई मंत्रिमंडल की बैठक में लिया गया है।


स्कूलों में कोविड-19 से बचाव के लिए जारी किए गए दिशा-निर्देशों का पूर्ण रूप से पालन किया जाएगा। बाकी कक्षाओं के बारे में बाद में फैसला लिया जाएगा। इसके लिए बकायदा शिक्षा विभाग अलग से एसओपी जारी करेगा। इसके साथ ही बैठक में कई अन्य फैसले भी लिए गए।

बैठक में 18 मामले सामने आए। राजकीय सहायता प्राप्त महाविद्यालयों को अनुदान दिए जाने को लेकर कैबिनेट में चर्चा की गई। जिस पर मुख्य सचिव की अध्यक्षता में कमेटी बनाई गई।

बैठक में लिए गए अन्य फैसले

-जल मूल्य की दरों में संशोधन को लेकर मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में गठित समिति में संशोधन। राज्यमंत्री डॉ.धनसिंह भी बनाए गए सदस्य। कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक भी हैं सदस्य।
– राजकीय महाविद्यालयों की छात्रनिधि का होगा उपयोग, छात्रनिधि (नियमन एवं नियंत्रण) नियमावली 2020 बनी।
– 9225 सरकारी सस्ता गल्ला की दुकानों में से 1809 का नहीं हुआ ऑटोमेशन, सीएससी-एसपीवी से करार निरस्त, बेरसिल नामक नई कंपनी करेगी काम।
– हिमालयन गढ़वाल विवि का नाम अब अटल बिहारी वाजपेयी हिमालयन गढ़वाल विवि करने का प्रस्ताव निरस्त।
– शराब के कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण व पारदर्शिता के लिए ट्रैक एंड ट्रैस प्रणाली लागू होगी।
– उत्तराखंड पुलिस आरमोरर शाखा सेवा संशोधन नियमावली 2020 को मंजूरी दी गई।
– नागरिक सुरक्षा अधीनस्थ सेवा संशोधन नियमावली 2020 को दी कैबिनेट ने मंजूरी।
– उत्तराखंड उद्योग विभाग सांख्यिकीय वर्ग अराजपत्रित सेवा नियमावली 2020 पर लगी मुहर।
– अपर मुख्य सचिव व प्रभारी सचिव अब जारी कर सकेंगे शासनादेश, अधिप्रमाणीकरण (आदेश और अन्य लिखत) नियमावली में संशोधन।
– कुंभ मेला यात्रियों की सुविधा के लिए प्रत्येक अखाड़ा क्षेत्र में एक-एक करोड़ रुपये के कार्य कराए जाएंगे।
– विधानसभा सत्र के सत्रावसान को मंजूरी

अन्य कक्षाओं पर बाद में फैसला

बुधवार को कैबिनेट की बैठक में स्कूलों को खोलने पर सहमति बनी। फिलहाल 10वीं और 12वीं के छात्र ही स्कूलों में जा सकेंगे। अन्य छात्र-छात्राओं की कक्षाएं शुरू करने के लिए बाद में निर्णय लिया जाएगा।

स्कूल खोलने पर विपक्ष ने उठाए सवाल

दसवीं और बारहवीं कक्षा के लिए स्कूल खोलने का कांग्रेस ने विरोध किया है। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह का कहना है कि सरकार का स्कूल खोलने का निर्णय ठीक नहीं है। कोरोना काल में पर्याप्त इंतजाम ना होने के दौरान स्कूल खोलना छात्र-छात्राओं के स्वास्थ्य से खिलवाड़ हो सकता है। सरकार को जल्दबाजी में निर्णय नहीं लेना चाहिए।

Leave a Reply

Your email address will not be published.