एक शादी शुदा बॉडी बिल्डर और फिटनेस ट्रेनर जिन्होंने जिम खोलने के लिए अपनी शादी के सारे गहने बेच डाले आज है विश्व भर में प्रसिद्ध

समाज

जब एक लड़की की शादी हो जाती है , तो शुरू से लेकर वह घर के काम – काज और घर गृहस्थी में , अपने परिवार को संभालने में लगी रहती है। अब लोगो की मानसिकता यह बन गयी है की शादी की बाद औरत कुछ नहीं कर सकती है और घर वालो के कारन वह अपने सपनो को भी पूरा नहीं कर पति और उनके सपने कहीं गुम जाते है। लेकिन किरण देंबला नाम की एक ऐसी भी महिला हैं जिन्होंने शादी के बाद अपने सारे गहने बेचकर अपनी एक जिम खोली और आज पूरी दुनिया में प्रसिद्ध हैं।

वज़न 25 किलो तक बढ़ गया
Humans Of Bombay ने किरण देंबला की स्टोरी शेयर की है। इस स्टोरी में बताया गया है कि आम महिलाओं की तरह इनकी भी शादी हुई थी। शादी के 10 वर्षों तक चारदीवारी में क़ैद होकर किरण भी घर के कामकाज, बच्चों से लेकर खाना-पीना तक में लगी रही। ख़ुद पर ध्यान ना देने के कारण इनका वज़न 25 किलो तक बढ़ गया था। तब इन्होंने ख़ुद के लिए कुछ करने का सोचा और कुछ बच्चों को संगीत की शिक्षा देनी शुरू की। घर के काम के साथ-साथ ख़ुद के फिटनेस के लिए जिम भी ज्वाइन कर लिया।

7 महीने में घटाया 24 किलो वजन
किरण सुबह 5 बजे उठती हैं, वर्कआउट करके बच्चों को लेने स्कूल भी जाती और सिर्फ़ 7 महीने के अंदर ही इनका वज़न 24 किलो घट गया। एक दिन उनके मन में ख़ुद का जिम खोलने का विचार आया। तब इन्होंने अपने पति से कहा कि मुझे अपना जिम खोलना है उसके बाद इन्होंने एक फ़्लैट को किराए पर लिया। वह बताती हैं, ‘ इस जिम के लिए मैंने अपने सारे गहने बेच दिए, लोन लिए। जिम खोलने के सिर्फ़ चार महीनों के भीतर ही हमारी पूरी क्लोनी इस जिम के बारे में जानने लगी।

बॉडी बिल्डिंग प्रतियोगिता में छठा स्थान प्राप्त किया
किरण जिम चलाने के साथ-साथ धीरे-धीरे ख़ुद को बॉडी बिल्डिंग प्रतियोगिता के लिए भी ख़ुद को तैयार करने लगी। लेकिन मौके पर ही उनके ससुर की मृत्यु हो गई और उन्हें 1 सप्ताह तक वहीं रहना पड़ा। अंततः उन्होंने अपनी सास से कहा कि मुझे बच्चों की देखभाल के लिए जाना होगा। वह कुछ ऐसा भी नहीं करना चाहती थी कि उनकी सास को बुरा लगे। लेकिन वह बुडापेस्ट गई और वहाँ जाकर प्रतियोगिता में हिस्सा लिया और अपने मेहनत के दम पर छठा स्थान प्राप्त भी किया।

45 की उम्र में ट्रेनर के साथ पर्वतारोही और फोटोग्राफर भी हैं

किरण कहती है कि ” क्या हो गया जो मैंने थोड़ी देर से ही अपने बारे में सोचना शुरू किया, क्योंकि किसी काम को करने के लिए उम्र की कोई सीमा नहीं होती है। 45 की उम्र में मैं एक ट्रेनर हूँ, डीजे हूँ, पर्वतारोही हूँ, फोटोग्राफर हूँ। अब मैं अपने उन सारे सपनों को पूरा कर रही हूँ जिसे मैं हमेशा से करना चाहती थी। ये पल मेरी ज़िन्दगी के सबसे अच्छे पल हैं। मेरी लोगों से यही सलाह है कि आप उसी काम को करे जिस काम को करने में आपको सबसे ज़्यादा ख़ुशी मिलती है। “

दो दो बच्चों की है मां

वर्तमान समय में दो-दो बच्चों की माँ किरण सारे कामों के साथ अपने दोनों बच्चों को भी संभालती हैं। किरण का मानना है कि “बहाने बनाने से कुछ नहीं होता आपको अपनी मंज़िल पाने के लिए उठना पड़ता है और अपने कामों को पूरा करना पड़ता है।”
सच में जिस तरह से किरण अपना टाइम मैनेज करके सब कुछ कर रही हैं, ये सबके बस की बात नहीं है।

Leave a Reply

Your email address will not be published.